श्री कालिका पुराण – हिंदी pdf Shri Kalika Puran Hindi Free PDF Download

कालिका पुराण की महिमा

कालिका पुराण की महिमा

वेद, ऋचाएं, महाभारत, रामयाण, गीता और पुराण ये सभी हमारे हिंदू धर्म की विस्तृत अध्ययन की प्रमाणिकता का आधार हैं। ये यूं कहे की हमारे हिंदू धर्म को एक विशेष महत्त्व प्रदान करते हैं ये ग्रंथ तो अतिशयोक्ति नहीं होगी। आइए इनमें से ही एक श्री कालिका पुराण के बारे में जानते हैं :

श्री कालिका पुराण – हिंदी

दिन में मात्र एक बार मुश्किल से 5 मिनट भी कालिका पुराण का पाठ करता है वो अपनी सभी कामनाओं को पूरा करता हैं और देवता की श्रेणी में आ जाता है चाहे उसके कर्म अतीत में कुछ भी रहे हो।

पुस्तक book : श्री कालिका पुराण

लेखक author : —-

पुस्तक  की भाषा language : हिंदी 

पेज page : 442 

जो रोज इसका गोपनीय अध्ययन करता है जो यह परम तन्त्र है । हे द्विज श्रेष्ठों! उस व्यक्ति ने  यहाँ पर ही सारे वेदों को पढ़ लिया है ।

इस कारण इससे बढ़कर अब कुछ भी शेष नहीं है । विलक्षण पुरुष इसके अध्ययन मात्र से ही कृतकृत्य हो जाते हैं।

श्री कालिका पुराण का अध्ययन तथा श्रवण करने वाला पुरुष परम सुखी तथा लोक में बलशाली और लंबी आयु को प्राप्त करता है।

है सृष्टि रचियता! जो लगातार लोक के नियमों का पालन करता है और आखिर में विनाश करता है। यह सम्पूर्ण रूप मेरा ही तो स्वरूप है। अतः उसके लिए नमस्कार।

श्री कालिका पुराण – हिंदी

श्री काली के सम्बन्ध में

मार्कण्डेय पुराण के सप्तशती खण्ड में जिन काली देवी के बारे में वर्णन किया गया है और जिनका जन्म अम्बिका के ललाट (माथे) से हुआ है। वे काली दुर्गा जी के स्वरूपों का ही एक रूप है और आद्य महाकाली से पूरी तरह से  अलग है।

भगवती आद्य काली माता अथवा दक्षिणा काली अनादिरूपा सारे चराचर की स्वामिनी मानी गई हैं जबकि पौराणिक काली तमोगुण की स्वामिनी मानी गई हैं ।

दक्षिण दिशा में रहने वाला सूर्य का पुत्र यम (यमराज) काली का नाम सुनते ही डरकर दुम दबाकर भाग जाता है और काली उपासकों को नर्क में ले जाने का सामर्थ्य उसमें कदापि नहीं आ सकता इसलिए श्री काली को ‘दक्षिणा काली’ और ‘दक्षिण कालिका’ के नाम से भी पुकारा जाता है।

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दस महाविद्याओं में मां काली निपुण सर्वप्रधान हैं इसलिए इन्हें महाविद्या भी बोला जाता है। काली मां  ‘वामा’ ‘दक्षिण’ पर विजय पाकर मोक्ष प्रदायिनी बनी थी इसलिए उन्हें तीनों लोकों में ‘दक्षिणा’ भी कहा जाता है ।

दोस्तों! उम्मीद करते हैं आपको हमारा ये लेख अच्छा लगा होगा। इस लेख के माध्यम से आपने श्री कालिका पुराण की महिमा को समझा होगा और आज से ही आपने श्री कालिका पुराण को पढ़ना अपने जीवन में शुरू करेंगे।

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